Delhi-NCR Weather Alert: 21 जून तक बारिश और आंधी का अलर्ट, गर्मी से मिलेगी बड़ी राहत 
19 जून 2026, शुक्रवार को दिल्ली-एनसीआर के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राजधानी और आसपास के इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज के साथ बौछारें और तेज हवाओं का अनुमान जताया है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
IMD का पूर्वानुमान — 18 से 21 जून तक रहेगा बदला मौसम
मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में 18 से 21 जून 2026 के बीच रुक-रुक कर बारिश और गरज-चमक की गतिविधि जारी रहने की संभावना है। आज यानी शुक्रवार को आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा, और हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है, जो कहीं-कहीं 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक के झोंकों में तब्दील हो सकती है।
IMD के मुताबिक, सुबह के समय सतही हवाएं मुख्य रूप से पश्चिम दिशा से चलेंगी और उनकी रफ्तार करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहेगी। दोपहर होते-होते यह रफ्तार बढ़कर 20 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जबकि शाम और रात के समय हवा की गति और तेज होकर 25 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है।
मौसम विभाग का कहना है कि दिन के पूर्वार्ध और दोपहर के समय बहुत हल्की से हल्की बारिश के साथ-साथ गरज, बिजली कड़कने, धूल भरी आंधी और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली तेज हवाओं की आशंका है, जो कहीं-कहीं 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक के झोंकों के रूप में सामने आ सकती हैं।
तापमान में कितना बदलाव आएगा
बारिश और बादलों की मौजूदगी के बावजूद, आज अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान जताया गया है। हालांकि मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) और स्थानीय मौसमी प्रणालियों के संयुक्त असर से आने वाले दिनों में तापमान को नियंत्रण में रखने में मदद मिलेगी।
एक अन्य रिपोर्ट के अनुसार, फिलहाल दिल्ली के लिए कोई विशेष मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है, और आने वाले दिनों में अधिकतम तापमान के 40 डिग्री सेल्सियस के पार जाने की संभावना भी कम बताई जा रही है। बादलों की मौजूदगी, तेज हवाएं और बीच-बीच में होने वाली हल्की बारिश दिन के समय गर्मी को बहुत ज्यादा बढ़ने से रोक सकती है।
उमस और सेहत से जुड़ी सावधानियां
राहत भरी बारिश के बावजूद, मौसम विशेषज्ञों ने यह भी आगाह किया है कि एनसीआर के कई हिस्सों में नमी यानी ह्यूमिडिटी का स्तर ऊंचा बना रह सकता है। इस तरह की उमस भरी स्थिति लोगों को ज्यादा पसीना आने और जल्दी थकान महसूस होने जैसी दिक्कतें दे सकती है।
मौसम विभाग और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने खासतौर पर अस्थमा, हृदय रोग और रक्तचाप (ब्लड प्रेशर) से जुड़ी समस्याओं वाले लोगों को इस मौसम में अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी है, क्योंकि अचानक मौसम में बदलाव और उमस इस तरह की स्वास्थ्य स्थितियों को प्रभावित कर सकती है।
देश के अन्य हिस्सों में लू का असर बरकरार 
दिलचस्प बात यह है कि जहां दिल्ली-एनसीआर को बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं देश के कई अन्य हिस्सों में लू यानी हीटवेव की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, बिहार, तटीय आंध्र प्रदेश व यनम, और ओडिशा के कुछ अलग-थलग इलाकों में 18 जून को लू की स्थिति बनने की आशंका है। इसके अलावा पूर्वी उत्तर प्रदेश में 18 से 24 जून तक, और मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, तेलंगाना तथा विदर्भ क्षेत्र में भी इसी अवधि के दौरान लू चलने का अनुमान जताया गया है।
यह स्थिति इस बात को रेखांकित करती है कि भले ही उत्तर भारत के कुछ हिस्सों में मानसून पूर्व की बारिश राहत दे रही हो, लेकिन देश के बाकी हिस्सों में गर्मी का प्रकोप अभी पूरी तरह थमा नहीं है।
पिछले हफ्ते भी मिली थी राहत
गौरतलब है कि इससे पहले भी दिल्ली-एनसीआर में मौसम विभाग ने पीली चेतावनी यानी यलो अलर्ट जारी करते हुए गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान जताया था। उस दौरान दिल्ली के कई हिस्सों में रात के समय भारी बारिश दर्ज की गई थी, और सफदरजंग वेधशाला में 24 घंटे की अवधि में 11.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई थी। उस दिन अधिकतम तापमान 36 से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच और न्यूनतम तापमान 22 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान था।
इस तरह की बारिश और तेज हवाओं की गतिविधि बीते कुछ हफ्तों से दिल्ली-एनसीआर के मौसम का हिस्सा बनी हुई है, जो गर्मी के बीच-बीच में लोगों को राहत के पल मुहैया करा रही है।
यात्रियों और आम लोगों के लिए सलाह
तेज हवाओं और गरज-चमक के पूर्वानुमान को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासतौर पर तेज आंधी और बिजली कड़कने के समय खुले स्थानों, पेड़ों के नीचे और ऊंची इमारतों के आसपास खड़े होने से बचने की सलाह दी जाती है। इसके अलावा यात्रा की योजना बनाते समय मौसम की ताजा जानकारी जरूर देख लेनी चाहिए, क्योंकि तेज हवाओं और बारिश की वजह से सड़क और हवाई यातायात, दोनों प्रभावित हो सकते हैं।
निष्कर्ष
19 जून 2026 को दिल्ली-एनसीआर के मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। IMD के पूर्वानुमान के अनुसार 21 जून तक बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का सिलसिला जारी रह सकता है, जिससे भीषण गर्मी से जूझ रहे लोगों को कुछ राहत जरूर मिलेगी। हालांकि उमस और सेहत से जुड़ी सावधानियों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। वहीं देश के कई अन्य हिस्सों में लू की स्थिति अब भी बरकरार है, जिससे यह साफ है कि मानसून के पूरी तरह सक्रिय होने तक मौसम का यह उतार-चढ़ाव अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग रूप में जारी रह सकता है।

