आरक्षण की मांग को लेकर कासगंज में प्रदर्शन
आरक्षण की मांग को लेकर कासगंज शहर के बारह पत्थर मैदान में मंगलवार को आयोजित प्रदर्शन के दौरान स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई, जब पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की की घटना सामने आई।
पुलिस के अनुसार प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की और सुरक्षा के लिए लगाए गए बैरियर को तोड़ दिया। पुलिस ने इस घटनाक्रम को सरकारी कार्य में बाधा डालने से जोड़ते हुए कार्रवाई की है।
मामले में उपनिरीक्षक रवि वर्मा की तहरीर के आधार पर करणी सेना के जिलाध्यक्ष राजू चौहान सहित 40-50 अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
बारह पत्थर मैदान में जुटे प्रदर्शनकारी
पुलिस के मुताबिक एक सितंबर को बारह पत्थर मैदान में आरक्षण की मांग को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा था। प्रदर्शन का नेतृत्व करणी सेना के जिलाध्यक्ष राजू चौहान द्वारा किए जाने की बात पुलिस ने अपनी तहरीर में कही है।
पुलिस के अनुसार राजू चौहान पुत्र धर्म सिंह निवासी हथौड़ावन, थाना पटियाली अपने करीब 40-50 साथियों के साथ प्रदर्शन में शामिल थे।
प्रदर्शन को देखते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल को मैदान के गेट नंबर एक पर तैनात किया गया था। उपनिरीक्षक रवि वर्मा भी पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर मौजूद थे।
पुलिस का कहना है कि ड्यूटी पर मौजूद अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर स्थिति को शांतिपूर्ण बनाए रखने का प्रयास किया।

नारेबाजी के बाद बढ़ा विवाद
पुलिस की तहरीर के अनुसार बातचीत के दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से नारेबाजी शुरू कर दी गई। आरोप है कि इसके बाद मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों और प्रदर्शनकारियों के बीच विवाद की स्थिति पैदा हो गई।
पुलिस ने आरोप लगाया है कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की। इसी दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए लगाए गए बैरियर को भी नुकसान पहुंचाए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस ने इन घटनाओं को सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने से संबंधित माना है और इसी आधार पर कानूनी कार्रवाई शुरू की है।

प्रदर्शनकारी सड़क पर पहुंचे
विवाद के बाद प्रदर्शनकारी बारह पत्थर मैदान से बाहर निकलकर सड़क पर पहुंच गए। पुलिस के अनुसार प्रदर्शनकारियों ने अपने वाहनों के साथ सड़क पर नारेबाजी की और सोरों की दिशा में आगे बढ़ने का प्रयास किया।
प्रदर्शनकारियों और उनके वाहनों के सड़क पर आने के कारण कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। इससे सड़क से गुजर रहे राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रशासन की ओर से कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर पुलिस बल की मौजूदगी बनाए रखी गई।

धक्का-मुक्की में दो पुलिसकर्मी घायल
पुलिस की तहरीर में प्रदर्शन के दौरान दो कांस्टेबलों के घायल होने का भी उल्लेख किया गया है।
तहरीर के मुताबिक कांस्टेबल 1045 दीपक खोखर और कांस्टेबल 1030 शैलेंद्र चौधरी को धक्का-मुक्की के दौरान चोटें आईं।
घटना के बाद पुलिस ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू की।
उपनिरीक्षक की तहरीर पर दर्ज हुई FIR
पूरे घटनाक्रम को लेकर उपनिरीक्षक रवि वर्मा ने पुलिस अधिकारियों को लिखित तहरीर दी। इसमें प्रदर्शन के दौरान हुई कथित धक्का-मुक्की, बैरियर तोड़ने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का उल्लेख किया गया।
तहरीर के आधार पर पुलिस ने करणी सेना जिलाध्यक्ष राजू चौहान समेत 40-50 अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली।
पुलिस अब मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। FIR में नामजद व्यक्ति के साथ-साथ प्रदर्शन में शामिल अन्य लोगों की पहचान भी जांच का हिस्सा है।
वीडियो और दूसरे साक्ष्यों की होगी पड़ताल
पुलिस के अनुसार घटना के दौरान मौके पर बनाए गए वीडियो और उपलब्ध अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा सकती है। इन साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति और उसमें शामिल लोगों की भूमिका को स्पष्ट करने का प्रयास किया जाएगा।
जांच में यदि किसी व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का कहना है कि FIR दर्ज होने के बाद जांच निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ाई जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई
घटना के बाद बारह पत्थर मैदान और उसके आसपास के इलाकों में पुलिस की मौजूदगी बढ़ा दी गई। प्रशासन की प्राथमिकता क्षेत्र में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखना रही।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखना अलग बात है, लेकिन कानून व्यवस्था प्रभावित करने या सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस FIR में नामजद और अज्ञात लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
आरक्षण की मांग के प्रदर्शन में अब आगे क्या?
कासगंज में आरक्षण की मांग को लेकर हुए प्रदर्शन के बाद दर्ज FIR ने मामले को नया मोड़ दे दिया है। पुलिस की जांच के दौरान यह स्पष्ट होगा कि प्रदर्शन के दौरान वास्तव में क्या घटनाक्रम हुआ और किन लोगों की भूमिका रही।
प्रदर्शनकारियों की ओर से लगाए गए आरोपों या उनके पक्ष की जानकारी सामने आने पर मामले की तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पुलिस की ओर से दर्ज FIR और तहरीर में लगाए गए आरोप जांच के दायरे में हैं।
मामले में आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।
घटना की प्रमुख बातें
- बारह पत्थर मैदान में आरक्षण की मांग को लेकर प्रदर्शन
- पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की का आरोप
- बैरियर तोड़ने का पुलिस ने लगाया आरोप
- दो कांस्टेबलों के घायल होने की जानकारी
- प्रदर्शनकारी सड़क पर पहुंचे
- कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित
- करणी सेना जिलाध्यक्ष राजू चौहान समेत 40-50 लोगों पर FIR
- वीडियो और अन्य साक्ष्यों की जांच
- क्षेत्र में पुलिस बल की तैनाती
- मामले की जांच जारी
Watch More:- https://youtu.be/mnGfvWKxmXA

