Jaipur: जहर पीकर थाने पहुंचा युवक, इलाज के दौरान मौत; संपत्ति विवाद को माना जा रहा कारण
Jaipur। राजधानी Jaipur में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां जहर पीकर शिवदासपुरा पुलिस थाने पहुंचे एक युवक की उपचार के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान जयराम गुर्जर (45) पुत्र भगवान सहाय गुर्जर निवासी रामचंद्रपुरा, सांगानेर के रूप में हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह पिछले पांच दिनों से अपने घर से लापता था और परिजन लगातार उसकी तलाश कर रहे थे। पुलिस को आशंका है कि लंबे समय से चल रहा संपत्ति विवाद इस घटना की मुख्य वजह हो सकता है। हालांकि वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विस्तृत जांच के बाद ही हो सकेगा।

पुलिस के अनुसार जयराम गुर्जर पिछले कई दिनों से मानसिक तनाव में चल रहा था। परिवार के लोगों का कहना है कि उसका कुछ परिजनों के साथ मकान और संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। मामला अदालत में विचाराधीन था और इसी कारण वह लगातार परेशान रहता था। बताया जा रहा है कि घटना से करीब चार से पांच दिन पहले वह अचानक घर से निकल गया था और उसके बाद वापस नहीं लौटा। परिजनों ने उसकी तलाश के लिए रिश्तेदारों और परिचितों से संपर्क किया, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला।
शिवदासपुरा थाने में तैनात उपनिरीक्षक धर्म सिंह ने बताया कि मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे पुलिस को एक कॉल प्राप्त हुई। कॉल करने वाले व्यक्ति ने बताया कि उसने जहरीला पदार्थ खा लिया है। सूचना मिलने के कुछ समय बाद वह स्वयं शिवदासपुरा पुलिस थाने पहुंच गया। उसकी हालत गंभीर दिखाई दे रही थी। पुलिसकर्मियों ने बिना समय गंवाए उसे तत्काल महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों की टीम ने उसका इलाज शुरू किया।
अस्पताल में डॉक्टरों ने उसकी जान बचाने का प्रयास किया, लेकिन जहर का असर अधिक होने के कारण उसकी स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई। करीब दो घंटे तक चले उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन अस्पताल पहुंचे और उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के सही कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि युवक ने जहर कब और कहां खाया तथा इसके पीछे किन परिस्थितियों ने उसे यह कदम उठाने के लिए मजबूर किया।
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली है कि मृतक का अपने परिवार के कुछ सदस्यों के साथ मकान खाली कराने और संपत्ति के स्वामित्व को लेकर विवाद चल रहा था। यह मामला लंबे समय से अदालत में विचाराधीन था। पुलिस का मानना है कि इसी विवाद के कारण वह मानसिक तनाव से गुजर रहा था। हालांकि अभी तक कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, इसलिए सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है।
स्थानीय लोगों के अनुसार जयराम सामान्य स्वभाव का व्यक्ति था, लेकिन पिछले कुछ समय से वह काफी चिंतित और परेशान दिखाई देता था। कई बार उसने अपने परिचितों के सामने संपत्ति विवाद को लेकर चिंता भी जताई थी। पुलिस अब मृतक के परिवारजनों, रिश्तेदारों और अन्य संबंधित लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि घटना के पीछे की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि पारिवारिक और संपत्ति संबंधी विवाद किस तरह लोगों को मानसिक तनाव की चरम स्थिति तक पहुंचा सकते हैं। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद मामले से जुड़े सभी तथ्यों को सार्वजनिक किया जाएगा।

