सोना-चांदी की कीमतों में गिरावट, निवेशकों और खरीदारों को मिली राहत
नई दिल्ली। सोना और चांदी खरीदने वालों के लिए आज राहत भरी खबर सामने आई है। घरेलू सर्राफा बाजार में मंगलवार 17 जून को सोने और चांदी दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, सोना और चांदी दोनों ही अपने पिछले कारोबारी सत्र की तुलना में सस्ते हुए हैं। कीमतों में आई इस गिरावट से निवेशकों के साथ-साथ शादी-विवाह और अन्य जरूरतों के लिए आभूषण खरीदने की योजना बना रहे ग्राहकों को भी फायदा मिलने की उम्मीद है।
आईबीजेए के ताजा आंकड़ों के मुताबिक एक किलो चांदी की कीमत में 744 रुपए की गिरावट दर्ज की गई है। इसके बाद चांदी का भाव घटकर 2 लाख 48 हजार रुपए प्रति किलोग्राम पर पहुंच गया है। इससे पहले चांदी 2 लाख 49 हजार रुपए प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी। लगातार ऊंचे स्तर पर पहुंचने के बाद चांदी में आई यह गिरावट बाजार के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

वहीं सोने की कीमतों में भी नरमी देखने को मिली है। 24 कैरेट शुद्धता वाले 10 ग्राम सोने की कीमत में 558 रुपए की गिरावट आई है। इसके बाद सोने का भाव घटकर लगभग 1 लाख 50 हजार रुपए प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया है। इससे पहले सोना इससे ऊंचे स्तर पर कारोबार कर रहा था। पिछले कुछ समय से वैश्विक और घरेलू बाजार में तेजी के कारण सोने की कीमतें लगातार रिकॉर्ड स्तर के आसपास बनी हुई थीं।
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में उतार-चढ़ाव, डॉलर इंडेक्स की स्थिति, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतियां और वैश्विक आर्थिक परिस्थितियां सोने-चांदी की कीमतों को प्रभावित करती हैं। इसके अलावा भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की कीमतें और निवेशकों की मांग भी कीमती धातुओं के भाव तय करने में अहम भूमिका निभाती हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार हाल के दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिली थी, जिसके बाद बाजार में कुछ मुनाफावसूली भी हुई है। यही कारण है कि दोनों धातुओं के दामों में हल्की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि जानकारों का मानना है कि लंबी अवधि के निवेश के लिहाज से सोना अभी भी एक सुरक्षित निवेश विकल्प बना हुआ है।
सर्राफा कारोबारियों का कहना है कि कीमतों में आई गिरावट से बाजार में खरीदारी बढ़ सकती है। विशेष रूप से शादी-विवाह के सीजन और त्योहारों को देखते हुए ग्राहक इस अवसर का लाभ उठाकर खरीदारी कर सकते हैं। सोने और चांदी के आभूषणों की मांग में भी आने वाले दिनों में बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।
वित्तीय सलाहकारों का कहना है कि निवेशकों को केवल कीमतों में अल्पकालिक उतार-चढ़ाव देखकर निर्णय नहीं लेना चाहिए। निवेश करते समय बाजार की स्थिति, व्यक्तिगत वित्तीय लक्ष्य और निवेश अवधि को ध्यान में रखना जरूरी है। सोने में निवेश करने वाले निवेशक भौतिक सोने के अलावा गोल्ड ईटीएफ, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड और डिजिटल गोल्ड जैसे विकल्पों पर भी विचार कर सकते हैं।
फिलहाल सोना और चांदी दोनों में आई गिरावट ने बाजार को नई दिशा दी है। निवेशकों की नजर अब अंतरराष्ट्रीय आर्थिक संकेतकों और केंद्रीय बैंकों की आगामी नीतियों पर बनी हुई है। आने वाले दिनों में वैश्विक बाजार की परिस्थितियों के आधार पर सोने और चांदी की कीमतों में फिर से उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल कीमतों में आई इस नरमी से खरीदारों को कुछ राहत जरूर मिली है।

