Iran War के बीच सुरक्षित होर्मुज पार कर भारत पहुंचा LPG गैस टैंकर
Iran War : ईरान और इजराइल के बीच जारी तनाव और जंग के माहौल के बावजूद भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। एक और LPG टैंकर सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर गुजरात के कांडला पोर्ट पहुंच गया है। मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला यह टैंकर ‘सिमी’ करीब 20 हजार टन लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) लेकर भारत पहुंचा। अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी ANI की रिपोर्ट के अनुसार, जंग शुरू होने के बाद अब तक कुल 15 LPG जहाज सुरक्षित तरीके से भारत पहुंच चुके हैं। इससे भारत की ऊर्जा आपूर्ति को लेकर बनी चिंता काफी हद तक कम हुई है।

जानकारी के मुताबिक, टैंकर ‘सिमी’ ने 13 मई को होर्मुज स्ट्रेट पार किया था। यह वही समुद्री मार्ग है जिसे दुनिया के सबसे संवेदनशील और महत्वपूर्ण व्यापारिक रास्तों में गिना जाता है। खाड़ी देशों से निकलने वाला बड़ी मात्रा में तेल और गैस इसी रास्ते से दुनिया के अलग-अलग देशों तक पहुंचता है। ऐसे में ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के कारण आशंका जताई जा रही थी कि कहीं इस समुद्री मार्ग पर खतरा न बढ़ जाए। हालांकि अब तक भारत आने वाले जहाजों की आवाजाही सामान्य बनी हुई है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, भारत आने वाला एक और LPG जहाज ‘MV सनशाइन’ भी हाल ही में सुरक्षित तरीके से होर्मुज स्ट्रेट पार कर चुका है। इससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि तमाम तनाव के बावजूद समुद्री व्यापार पूरी तरह प्रभावित नहीं हुआ है। भारतीय नौसेना समेत कई अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने में जुटी हुई हैं। समुद्री सुरक्षा को लेकर लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी तरह की बाधा या खतरे से बचा जा सके।
इस बीच ईरान ने भी होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा को लेकर सकारात्मक संकेत दिए हैं। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से बातचीत के दौरान भरोसा दिलाया कि ईरान इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग में सुरक्षा बनाए रखने की अपनी जिम्मेदारी निभाता रहेगा। उन्होंने कहा कि मित्र देशों को व्यापारिक सुरक्षा के मामले में ईरान पर भरोसा रखना चाहिए। यह बयान ऐसे समय आया है जब पूरी दुनिया की नजरें होर्मुज स्ट्रेट पर टिकी हुई हैं।
ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने भी कहा कि क्षेत्र में शांति स्थापित होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट पहले से ज्यादा सुरक्षित होगा। उनके इस बयान को क्षेत्रीय स्थिरता और व्यापारिक विश्वास बढ़ाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि होर्मुज स्ट्रेट बंद होता या वहां तनाव और बढ़ता, तो इसका असर वैश्विक तेल और गैस कीमतों पर पड़ सकता था। भारत जैसे ऊर्जा आयात पर निर्भर देशों के लिए यह स्थिति चिंता बढ़ाने वाली होती।
भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा खाड़ी देशों से आयात करता है। ऐसे में होर्मुज स्ट्रेट का सुरक्षित रहना भारत की ऊर्जा सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है। फिलहाल लगातार LPG टैंकरों का सुरक्षित भारत पहुंचना राहत की खबर मानी जा रही है। इससे घरेलू गैस सप्लाई और बाजार पर तत्काल किसी बड़े असर की संभावना कम नजर आ रही है। वहीं भारतीय एजेंसियां और सरकार पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।

