IPL 2026: धर्मशाला में पंजाब-बेंगलुरु महामुकाबला, 15 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ने उतरी PBKS टीम
IPL 2026 में रविवार का पहला मुकाबला बेहद रोमांचक माना जा रहा है, जहां पिछले सीजन की फाइनलिस्ट टीमें रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और पंजाब किंग्स (PBKS) आमने-सामने हैं। यह मुकाबला हिमाचल प्रदेश के खूबसूरत धर्मशाला स्थित HPCA स्टेडियम में खेला जा रहा है। पंजाब किंग्स ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला लिया है। इस मुकाबले की खास बात यह भी है कि रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की कप्तानी नियमित कप्तान रजत पाटीदार की गैरमौजूदगी में विकेटकीपर बल्लेबाज जितेश शर्मा कर रहे हैं। दोनों टीमों ने इस अहम मैच में दो-दो बदलाव किए हैं।

धर्मशाला का HPCA मैदान अपनी तेज पिच और शानदार आउटफील्ड के लिए जाना जाता है। यहां गेंदबाजों को शुरुआती ओवरों में स्विंग मिलती है, जबकि बल्लेबाजों के लिए भी रन बनाने के अच्छे मौके रहते हैं। ऐसे में पंजाब का पहले गेंदबाजी का फैसला रणनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है। पंजाब की कोशिश होगी कि वह शुरुआती विकेट लेकर बेंगलुरु पर दबाव बनाए।
अगर हेड टू हेड रिकॉर्ड की बात करें तो धर्मशाला का मैदान पंजाब किंग्स के लिए बेंगलुरु के खिलाफ कुछ खास नहीं रहा है। पंजाब की टीम पिछले 15 साल से इस मैदान पर RCB को नहीं हरा सकी है। पंजाब को यहां आखिरी जीत साल 2011 में मिली थी। उसके बाद से हर बार बेंगलुरु ने धर्मशाला में पंजाब पर दबदबा बनाया है। पिछले सीजन 2024 में भी दोनों टीमों के बीच इसी मैदान पर मुकाबला हुआ था, जिसमें बेंगलुरु ने पंजाब को 60 रन के बड़े अंतर से हराया था।
बेंगलुरु इस समय शानदार फॉर्म में नजर आ रही है। टीम लगातार दो मुकाबले जीतकर प्लेऑफ की दहलीज तक पहुंच चुकी है। बल्लेबाजी में विराट कोहली, फाफ डु प्लेसिस और ग्लेन मैक्सवेल जैसे अनुभवी खिलाड़ियों ने टीम को मजबूती दी है। वहीं गेंदबाजी में मोहम्मद सिराज और यश दयाल ने अहम भूमिका निभाई है। टीम का आत्मविश्वास काफी ऊंचा है और वह जीत की लय को बरकरार रखना चाहेगी।
दूसरी ओर पंजाब किंग्स इस समय दबाव में दिखाई दे रही है। टीम लगातार पांच मुकाबले हार चुकी है और प्लेऑफ की दौड़ में बने रहने के लिए उसे हर हाल में जीत की जरूरत है। कप्तान श्रेयस अय्यर के सामने सबसे बड़ी चुनौती टीम का संतुलन बनाए रखना है। पंजाब की बल्लेबाजी कई मौकों पर पूरी तरह फ्लॉप रही है, जबकि गेंदबाज भी लगातार रन लुटाते नजर आए हैं। ऐसे में टीम को वापसी के लिए हर विभाग में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।
पिछले सीजन में बेंगलुरु ने पंजाब को तीन बार हराया था। लीग मुकाबलों से लेकर अहम मैचों तक RCB ने पंजाब पर अपना दबदबा कायम रखा। यही कारण है कि इस मुकाबले में भी बेंगलुरु को मनोवैज्ञानिक बढ़त हासिल है। हालांकि टी-20 क्रिकेट में परिस्थितियां तेजी से बदलती हैं और एक अच्छी साझेदारी या कुछ बेहतरीन ओवर मैच का रुख पलट सकते हैं।
इस मैच में सभी की नजरें विराट कोहली पर भी रहेंगी। कोहली का धर्मशाला में रिकॉर्ड शानदार रहा है और वह बड़े मैचों में अक्सर टीम के लिए मैच विनिंग पारियां खेलते हैं। वहीं पंजाब को उम्मीद होगी कि उनके स्टार बल्लेबाज लियाम लिविंगस्टोन और शशांक सिंह बड़ी पारी खेलकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाएं।
गेंदबाजी विभाग में पंजाब के लिए अर्शदीप सिंह की भूमिका बेहद अहम रहने वाली है। अगर वह शुरुआती विकेट निकालने में सफल रहते हैं तो पंजाब मैच में मजबूत पकड़ बना सकती है। दूसरी ओर RCB के गेंदबाज भी शानदार लय में हैं और वे पंजाब के कमजोर मध्यक्रम को जल्दी समेटने की कोशिश करेंगे।
धर्मशाला की ठंडी हवा और खूबसूरत माहौल के बीच यह मुकाबला फैंस के लिए किसी बड़े क्रिकेट उत्सव से कम नहीं माना जा रहा। दोनों टीमों के समर्थकों में जबरदस्त उत्साह है। जहां बेंगलुरु प्लेऑफ के और करीब पहुंचना चाहेगी, वहीं पंजाब की नजर हार का सिलसिला तोड़कर वापसी करने पर रहेगी।
अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या पंजाब किंग्स 15 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ पाती है या फिर बेंगलुरु एक बार फिर धर्मशाला में जीत दर्ज कर अपना दबदबा कायम रखती है।

