Bareilly Child Fall Death: छत से गिरने के बाद घायल 2 वर्षीय मासूम परी ने इलाज के दौरान तोड़ा दम, परिजनों ने उपचार में लापरवाही का लगाया आरोप

Bareilly Child Fall Death उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से सामने आया एक बेहद दुखद मामला है। थाना कुलड़िया क्षेत्र की रहने वाली दो वर्षीय मासूम परी की इलाज के दौरान मौत हो गई। बच्ची करीब दो सप्ताह पहले घर की छत से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गई थी, जिसके बाद उसका लगातार इलाज चल रहा था। परिजनों का आरोप है कि उपचार के दौरान लापरवाही बरती गई, जबकि अस्पताल प्रशासन की ओर से इस संबंध में आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। मामले ने क्षेत्र में संवेदना के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
Bareilly Child Fall Death: कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के अनुसार, थाना कुलड़िया क्षेत्र निवासी रामेश्वर दयाल की दो वर्षीय बेटी परी लगभग 12 से 15 दिन पहले खेलते समय घर की छत से नीचे गिर गई थी। गिरने से उसके सिर में गंभीर चोट आई और परिजन तुरंत उसे इलाज के लिए निजी अस्पताल ले गए।
डॉक्टरों की निगरानी में कई दिनों तक उसका उपचार चलता रहा। परिजनों को उम्मीद थी कि बच्ची जल्द स्वस्थ होकर घर लौट आएगी, लेकिन उसकी हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।
निजी अस्पताल से जिला अस्पताल तक पहुंचा मामला
परिजनों के अनुसार, कुछ दिनों तक उपचार के बाद निजी अस्पताल से बच्ची को दूसरे अस्पताल ले जाने की सलाह दी गई। इसके बाद शुक्रवार रात उसे बरेली जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जिला अस्पताल में चिकित्सकों ने उसका उपचार शुरू किया, लेकिन शनिवार सुबह इलाज के दौरान बच्ची ने दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
Bareilly Child Fall Death में परिजनों ने लगाए लापरवाही के आरोप
बच्ची की मौत के बाद उसकी मां ने उपचार में लापरवाही के आरोप लगाए। उनका कहना है कि यदि समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा और उचित उपचार मिलता तो शायद उनकी बेटी को बचाया जा सकता था।
हालांकि, ये आरोप परिजनों द्वारा लगाए गए हैं। संबंधित अस्पताल या स्वास्थ्य विभाग की ओर से इन आरोपों की पुष्टि या खंडन संबंधी कोई आधिकारिक बयान सार्वजनिक नहीं हुआ है।
गांव में पसरा मातम
दो वर्षीय बच्ची की असमय मौत से पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोगों ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी छोटी उम्र में बच्ची की मौत ने पूरे इलाके को भावुक कर दिया है। अंतिम संस्कार के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
Bareilly Child Fall Death: जांच की संभावना
यदि परिजन उपचार में लापरवाही को लेकर औपचारिक शिकायत दर्ज कराते हैं, तो संबंधित विभाग मामले की जांच कर सकता है। ऐसी स्थिति में चिकित्सा रिकॉर्ड, इलाज की प्रक्रिया और विशेषज्ञों की राय के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाती है।
स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े मामलों में जांच का उद्देश्य तथ्यों की निष्पक्ष पड़ताल करना होता है।
सिर की गंभीर चोट क्यों होती है खतरनाक?
विशेषज्ञों के अनुसार, छोटे बच्चों में सिर की चोट (Head Injury) बेहद गंभीर मानी जाती है। ऐसी स्थिति में—
- मस्तिष्क में आंतरिक रक्तस्राव हो सकता है।
- बेहोशी या दौरे आने की आशंका रहती है।
- तत्काल विशेषज्ञ चिकित्सा की आवश्यकता होती है।
- लगातार निगरानी और समय पर उपचार जीवन बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
Bareilly Child Fall Death: पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की भूमिका
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार मामला मुख्य रूप से उपचार और दुर्घटना से जुड़ा है। यदि किसी प्रकार की शिकायत या जांच की आवश्यकता सामने आती है, तो संबंधित विभाग नियमानुसार कार्रवाई करेगा।
अधिकारियों का कहना है कि किसी भी मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही निकाला जाता है।
बच्चों की सुरक्षा के लिए क्या रखें सावधानी?
ऐसी दुर्घटनाओं से बचने के लिए विशेषज्ञ निम्न सावधानियां अपनाने की सलाह देते हैं—
- छोटे बच्चों को छत पर अकेला न छोड़ें।
- छत और सीढ़ियों पर मजबूत रेलिंग लगवाएं।
- बच्चों की लगातार निगरानी रखें।
- ऊंचाई वाले स्थानों पर सुरक्षा उपाय अनिवार्य करें।
- किसी भी दुर्घटना की स्थिति में तुरंत विशेषज्ञ चिकित्सक से संपर्क करें।
Bareilly Child Fall Death ने एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा और समय पर गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा की आवश्यकता को सामने रखा है। दो वर्षीय मासूम परी की मौत से परिवार गहरे सदमे में है। वहीं, उपचार में लापरवाही के आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल यह मामला संवेदनशील है और आधिकारिक जांच या बयान का इंतजार किया जा रहा है।

