Rajasthan Weather : राजस्थान में घना कोहरा, तापमान 10 डिग्री गिरा, गेहूं-जौ फसल प्रभावित, मौसम साफ होने के आसार
Rajasthan Weather : राजस्थान में बारिश और ओलावृष्टि के बाद कई जिलों में घना कोहरा छाया, तापमान 10 डिग्री तक गिरा। गेहूं-जौ की फसल को नुकसान, हाईवे पर विजिबिलिटी 50 मीटर रही। मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के अनुसार अगले पांच दिन मौसम साफ रहेगा और तापमान में बढ़ोतरी होगी।
Rajasthan Weather : राजस्थान में घना कोहरा, 10 डिग्री लुढ़का पारा, फसलों पर पड़ा असर
राजस्थान में दो दिन तक हुई बारिश और ओलावृष्टि के बाद गुरुवार सुबह प्रदेश के कई जिलों में घना कोहरा छाया रहा। कोटपूतली-बहरोड़, अजमेर, कोटा, टोंक सहित कई जिलों में विजिबिलिटी 50 मीटर तक सीमित रही। मौसम में अचानक आए बदलाव से तापमान में 8 से 10 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई, जिससे सर्दी फिर लौट आई है।
मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ का असर अब समाप्त हो गया है और आज से प्रदेश में मौसम साफ रहने की संभावना है। हालांकि सुबह के समय कोहरे और ठंडी हवाओं का असर अभी जारी है।
कई जिलों में घना कोहरा, हाईवे पर ट्रैफिक प्रभावित

अजमेर, कोटा और टोंक में भी सुबह करीब साढ़े आठ बजे तक घना कोहरा बना रहा। कई इलाकों में दृश्यता 50 मीटर तक सीमित रही। लोगों को ऑफिस और स्कूल जाने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
करीब एक सप्ताह बाद प्रदेश के कई हिस्सों में सुबह ठंडक स्पष्ट रूप से महसूस की गई। बारिश और ओलों के कारण हवा में नमी बढ़ी है, जिससे सर्द हवाओं का असर अधिक हो गया है।
तापमान में 10 डिग्री तक गिरावट
बुधवार को हुई ओलावृष्टि और बारिश के कारण कई जिलों में दिन का तापमान 10 डिग्री तक गिर गया। कोटा में अधिकतम तापमान 22.7 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
अजमेर में बीते 24 घंटे में सुबह साढ़े आठ बजे तक 2.6 एमएम वर्षा दर्ज की गई। सुबह साढ़े पांच बजे तापमान 14.4 डिग्री और साढ़े आठ बजे 13.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। न्यूनतम तापमान में भी 1.4 डिग्री की गिरावट आई है।
कोटा में भी तापमान करीब 8 डिग्री तक गिरा, जिससे ठंड का असर बढ़ गया है। सुबह हल्का कोहरा और ठंडी हवा ने सर्दी का अहसास और बढ़ा दिया।
गेहूं-जौ की फसल को नुकसान

किसानों का कहना है कि फसल पकने की अवस्था में थी, ऐसे में ओले गिरने से बालियां झुक गईं और कई जगह फसल जमीन पर गिर गई। इससे उत्पादन पर सीधा असर पड़ने की आशंका है।
जयपुर, सीकर, झुंझुनूं, चूरू, अलवर, भरतपुर, धौलपुर, करौली, दौसा, सवाई माधोपुर, बूंदी, कोटा, बारां, झालावाड़, भीलवाड़ा, टोंक, अजमेर और चित्तौड़गढ़ सहित कई जिलों में बीते 24 घंटे में बारिश दर्ज की गई, जिससे कृषि क्षेत्र प्रभावित हुआ है।
पश्चिमी जिलों में रही हल्की गर्मी
जहां उत्तर-पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी जिलों में ठंडक महसूस की गई, वहीं पश्चिमी राजस्थान में दिन में धूप निकलने से हल्की गर्मी रही।
बाड़मेर में अधिकतम तापमान 32.4 डिग्री सेल्सियस, जालोर में 31.7, चूरू में 31.3, जोधपुर में 30.2, फलोदी में 32.4 और पाली के जवाई क्षेत्र में 31 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
इन जिलों में मौसम अपेक्षाकृत साफ रहा और दिन में तापमान सामान्य से अधिक दर्ज हुआ।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान: अब आगे क्या?
मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार अब पश्चिमी विक्षोभ का असर समाप्त हो गया है। आज से अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहेगा और दिन में धूप निकलेगी। तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की संभावना है।
पूर्वी राजस्थान के भरतपुर संभाग में कहीं-कहीं हल्के बादल छाए रह सकते हैं, लेकिन फिलहाल बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
राज्य में अगले पांच दिनों तक मौसम शुष्क और साफ रहने का अनुमान है। हालांकि सुबह और रात के समय सर्द हवाओं का असर बना रह सकता है।
मौसम में आए इस बदलाव से जहां लोगों को ठंड का अहसास हुआ है, वहीं किसानों की चिंता फसलों को हुए नुकसान को लेकर बढ़ गई है। अब सभी की नजरें आने वाले दिनों के मौसम पर टिकी हैं, जिससे फसलों की स्थिति और तापमान की चाल स्पष्ट हो सकेगी।

