Kerosene Available On Petrol Pumps : केंद्र का फैसला: पेट्रोल पंपों पर अब केरोसिन मिलेगा, हर जिले में 2 पंपों सुविधा
![]()
Kerosene Available On Petrol Pumps : केंद्र सरकार ने पेट्रोल पंपों पर केरोसिन उपलब्ध कराने का फैसला लिया है। हर जिले में अधिकतम 2 पंपों पर सुविधा होगी और तेल कंपनियां 5 हजार लीटर तक स्टॉक रख सकेंगी। PDS नियमों में 60 दिनों की ढील और वैकल्पिक ईंधन प्रोत्साहन भी दिया गया है।
Kerosene Available On Petrol Pumps : पेट्रोल पंप पर केरोसिन भी मिलेगा, केंद्र का फैसला

केंद्र सरकार ने रविवार को ऐतिहासिक फैसला लेते हुए घोषणा की कि अब राशन की दुकानों के साथ-साथ पेट्रोल पंपों पर भी केरोसिन उपलब्ध कराया जाएगा। सरकारी तेल कंपनियां अब तय किए गए पेट्रोल पंपों से भी केरोसिन रख और वितरित कर सकेंगी।
इस फैसले के तहत, हर जिले में राज्य सरकार या केंद्रशासित प्रदेश प्रशासन अधिकतम 2 पेट्रोल पंप चुनेंगे, जहां यह सुविधा दी जाएगी। इन पंपों पर अधिकतम 5 हजार लीटर केरोसिन स्टॉक रखने की अनुमति होगी।
PDS नियमों में ढील, समय पर सप्लाई सुनिश्चित
सरकार ने जरूरतमंद परिवारों तक केरोसिन की समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए पब्लिक डिस्ट्रिब्यूशन सिस्टम (PDS) के नियमों में 60 दिनों के लिए अस्थायी ढील दी है।
इस कदम से सप्लाई चेन को आसान बनाने और जनता को परेशानी से बचाने में मदद मिलेगी।
निर्णय की वजह: मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष
केंद्र ने यह फैसला अमेरिका और इज़राइल के बीच ईरान संघर्ष के कारण लिया है। मिडिल ईस्ट में जारी जंग के कारण भारत में गैस, पेट्रोल और डीजल की कमी होने की संभावना बनी हुई है।
सरकार लगातार हालात पर नजर रख रही है और आम जनता को भरोसा दिलाया है कि तेल और गैस की उपलब्धता सामान्य है।
नियमों में दी गई छूट

- केरोसिन बांटने वाले एजेंट और डीलरों को लाइसेंस लेने से छूट दी गई है।
- टैंकरों से केरोसिन उतारने (सप्लाई) के नियम आसान किए गए हैं।
- पेट्रोल पंपों पर केरोसिन स्टोर और वितरण की अस्थायी अनुमति दी गई है।
सरकार ने यह भी कहा कि रिफाइनरियां उच्च क्षमता पर काम कर रही हैं और कच्चे तेल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की स्थिति
- देशभर के सभी पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है।
- घरेलू एलपीजी की सप्लाई भी सामान्य है, कोई कमी नहीं।
- प्रतिदिन 55 लाख से ज्यादा सिलेंडर डिलीवर किए जा रहे हैं।
- ऑनलाइन बुकिंग बढ़कर 94% तक पहुंच चुकी है।
- CNG और PNG उपभोक्ताओं को 100% सप्लाई दी जा रही है।
सरकार ने अफवाहों के कारण पंपों पर भीड़ और ज्यादा बिक्री पर चेतावनी दी है, और लोगों से अपील की है कि घबराकर खरीदारी न करें।
वैकल्पिक ईंधन और केरोसिन पर जोर
सरकार ने राज्यों को अतिरिक्त 48,000 किलोलीटर (4.8 करोड़ लीटर) केरोसिन आवंटित किया है।
- एलपीजी की मांग कम करने के लिए केरोसिन और कोयले जैसे वैकल्पिक ईंधन का उपयोग बढ़ावा दिया जा रहा है।
- सिटी गैस कंपनियों को होटल, रेस्टोरेंट और कॉमर्शियल संस्थानों में PNG कनेक्शन बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
- औद्योगिक और कॉमर्शियल गैस उपभोक्ताओं को फिलहाल औसत खपत का 80% गैस उपलब्ध कराई जा रही है।
एक्साइज ड्यूटी और सरकार की राहत
- पेट्रोल-डीजल पर लगाया जाने वाला इनडायरेक्ट टैक्स (एक्साइज ड्यूटी) केंद्र सरकार द्वारा तय किया जाता है।
- सरकार इस ड्यूटी में कटौती करके आम जनता को राहत दे सकती है या बढ़ाकर अपना राजस्व बढ़ा सकती है।
- मौजूदा कटौती से तेल कंपनियों को घाटा कम करने में मदद मिलेगी।
निष्कर्ष
केंद्र का यह कदम जनता के लिए राहत और ईंधन सप्लाई सुनिश्चित करने का प्रयास है।
पेट्रोल पंपों पर केरोसिन वितरण, PDS नियमों में ढील और वैकल्पिक ईंधन को बढ़ावा देने की रणनीति से भारत में ईंधन संकट से निपटने में मदद मिलेगी।
यह फैसला मिडिल ईस्ट संघर्ष और घरेलू खपत के मद्देनजर समयोचित और महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
Read More : Trump बोले- ईरान के तेल पर कब्जा मेरी पसंदीदा चीज

